जम्मू: यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाने और रेल संचालन को अधिक सुगम बनाने के लिए उत्तर रेलवे के जम्मू मंडल ने जम्मू तवी-उधमपुर रेलखंड के बजालता स्टेशन पर अत्याधुनिक इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग सिस्टम शुरू करने का काम शुरू किया है। रेलवे अफसरों के मुताबिक, इस महत्वपूर्ण परियोजना के चलते कुछ दिनों के लिए 4 ट्रेनों को रद्द किया गया है, जबकि 6 ट्रेनें निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि बजालता स्टेशन पर स्थापित की जा रही नई इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग सिस्टम रेलवे संचालन को अधिक सुरक्षित और आधुनिक बनाएगी।
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मानवीय भूल की संभावना होगी काफी कम
अधिकारियों ने बताया कि इस सिस्टम के लागू होने के बाद सिग्नल और प्वाइंट्स का संचालन पूरी तरह कंप्यूटर आधारित हो जाएगा, जिससे मानवीय भूल की संभावना काफी कम हो जाएगी और ट्रेनों की आवाजाही भी अधिक तेज और व्यवस्थित हो सकेगी। उनके मुताबिक, इस परियोजना में बजालता में विकसित किए जा रहे रेलवे साइडिंग को भी जोड़ा जा रहा है। यह साइडिंग भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BPCL), इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (IOCL) और हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) की साझा उपयोग सुविधा (सीयूएफ) के लिए विकसित की जा रही है।
पेट्रोलियम उत्पादों की सप्लाई होगी बेहतर
रेलवे का कहना है कि बजालता में बन रही यह नई रेलवे साइडिंग जम्मू-कश्मीर में पेट्रोलियम उत्पादों की सप्लाई व्यवस्था को मजबूत करेगी और ईंधन परिवहन को अधिक प्रभावी बनाएगी। परियोजना से जुड़े कार्यों को पूरा करने के लिए 7 जून से 11 जून तक प्री-नॉन इंटरलॉकिंग और नॉन-इंटरलॉकिंग ब्लॉक लागू रहेगा। इस दौरान रेल यातायात पर अस्थायी प्रभाव पड़ेगा। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि 8 जून से 10 जून तक 3 डीएमयू ट्रेनों का संचालन पूरी तरह रद्द रहेगा। इसके अलावा ट्रेन संख्या 74906 को 9 जून से 11 जून तक रद्द किया गया है।
'ट्रेनों की ताजा स्थिति जानकर निकलें यात्री'
बताया जा रहा है कि इस दौरान 6 अन्य ट्रेनों के अपने निर्धारित समय से देरी से चलने की संभावना है। रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से यात्रा शुरू करने से पहले अपनी ट्रेन की ताजा स्थिति की जानकारी अवश्य लेने की अपील की है। इसके लिए यात्री रेल मदद हेल्पलाइन 139, NTES मोबाइल एप या रेलवे स्टेशन के पूछताछ केंद्रों का उपयोग कर सकते हैं। रेलवे ने यात्रियों को होने वाली अस्थायी असुविधा के लिए खेद व्यक्त करते हुए कहा है कि यह कार्य भविष्य में तेज, सुरक्षित और अधिक भरोसेमंद रेल सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए बेहद जरूरी है।